श्री शिवाष्टक – आदि अनादि अनंत अखण्ड (Shivashtak Adi Anadi Anant Akhand)

Shivashtak Adi Anadi Anant Akhand

श्री शिवाष्टक – आदि अनादि अनंत अखण्ड (Shivashtak Adi Anadi Anant Akhand) भगवान भोलेनाथ को समर्पित शक्तिशाली मंत्र है, जिसके नियमित प्रतिदिन पाठ से भक्त को कष्टों से मुक्ति, रोग का नाश, मनोकामनाएं पूर्ण और भोलेनाथ की कृपा प्राप्त होती है। श्री शिवाष्टक – आदि अनादि अनंत अखण्ड करने की विधि (Shivashtak Adi Anadi Anant … Read more

श्री शनैश्चर सहस्रनाम वली (Shani Sahastra Namavali)

Shani Sahastra Namavali

श्री शनैश्चर सहस्रनाम वली (Shani Sahastra Namavali), जिसमे भगवान शनि देव के हजार नाम है। शनि देव न्याय के देवता हैं। वे कर्म के देवता भी हैं और वे प्रत्येक व्यक्ति के कर्मों के अनुसार फल देते हैं। श्री शनैश्चर सहस्रनाम वली का पाठ करने से शनि देव प्रसन्न होते हैं और अपने भक्तों को … Read more

नवग्रह स्तोत्र (Navagrah Astotra)

Navagrah Astotra

नवग्रह स्तोत्र (Navagrah Astotra) एक भक्ति स्तोत्र है जो नौ खगोलीय पिंडों या ग्रहों को समर्पित है, जिन्हें सामूहिक रूप से नवग्रह के रूप में जाना जाता है। इस स्तोत्र का पाठ इन खगोलीय पिंडों के प्रभाव से आशीर्वाद और सुरक्षा पाने के लिए किया जाता है, जिनका हिंदू ज्योतिष के अनुसार व्यक्ति के जीवन … Read more

श्री महालक्ष्मी अष्टक (Shri Mahalakshmi Ashtakam)

Shri Mahalakshmi Ashtakam

श्री महालक्ष्मी अष्टक (Shri Mahalakshmi Ashtakam) माँ लक्ष्मी को समर्पित मंत्र है। यदि भक्त माँ लक्ष्मी को प्रसन्न करना चाहता है, श्री महालक्ष्मी अष्टक मंत्र का पाठ प्रतिदिन करना चाहिए। प्रतिदिन पाठ से माँ लक्ष्मी की कृपा और आशीर्वाद प्राप्त होता है, जिससे साधक की आय और सौभाग्य में वृद्धि होती है। श्री महालक्ष्मी अष्टक … Read more

शिव मानस पूजा (Shiv Manas Pooja)

Shiv Manas Pooja

शिव मानस पूजा (Shiv Manas Pooja) का अर्थ है मानसिक रूप से की गयी भगवान शिव की पूजा। इस स्तोत्र की रचना आदिगुरु शंकराचार्य जी द्वारा किया गया है। इस पूजा में भक्त द्वारा बिना किसी विशेष स्थान पर गए और बिना किसी साधन के जैसे – फल, पुष्प, पूजा सामग्री आदि के व्यवस्था के … Read more

श्री गंगा स्तोत्रम् (Shri Ganga Stortam)

Shri Ganga Stortam

श्री गंगा स्तोत्रम् (Shri Ganga Stortam) माँ गंगा को समर्पित स्तोत्र है, इसकी रचना आदिगुरु श्री शंकराचार्य ने की थी। है। इस स्तोत्र का पाठ करने से माँ गंगा की कृपा से जीवन सुखमय होता है और धन की कभी कमी नहीं होती है साथ ही भोले शंकर का भी आशीर्वाद प्राप्त होता है। श्री गंगा … Read more

श्री राम पंचरत्न स्तोत्रम् (Sri Ram Pancharatna Stotram)

Sri Ram Pancharatna Stotram

श्री राम पंचरत्न स्तोत्रम् (Sri Ram Pancharatna Stotram) प्रभु श्री राम को समर्पित भक्ति स्तोत्र है, इस स्तोत्र की रचना आदि गुरु शंकराचार्य द्वारा किया गया है। श्री राम पंचरत्न स्तोत्रम् (Sri Ram Pancharatna Stotram) कंजातपत्रायत लोचनाय कर्णावतंसोज्ज्वल कुंडलायकारुण्यपात्राय सुवंशजाय नमोस्तु रामायसलक्ष्मणाय ॥ 1 ॥ विद्युन्निभांभोद सुविग्रहाय विद्याधरैस्संस्तुत सद्गुणायवीरावतारय विरोधिहर्त्रे नमोस्तु रामायसलक्ष्मणाय ॥ 2 ॥ … Read more

लिंगाष्टकम् स्तोत्र (Lingashtakam Stotra)

Lingashtakam Stotra

लिंगाष्टकम् स्तोत्र (Lingashtakam Stotra) शिवलिंग को समर्पित स्तोत्र है। यह स्तोत्र अत्यंत प्रभावशाली है इस स्तोत्र का नियमित रूप से पाठ करते हुए शिवलिंग पर जल और बेलपत्र अर्पित करने से व्यक्ति का बुरा से बुरा दौर समाप्त हो जाता है और कष्टों से मुक्ति मिलती है। लिंगाष्टकम् स्तोत्र की विधि (Lingashtakam Stotra Ki Vidhi) … Read more

श्री शिवाष्टकम् स्तोत्र (Shri Shivashtakam Stotra)

Shri Shivashtakam Stotra

श्री शिवाष्टकम् स्तोत्र (Shri Shivashtakam Stotra) की रचना आदि गुरु शंकराचार्य द्वारा की गयी है। शिवाष्टकम् स्तोत्र के पाठ से भक्त को कष्टों से मुक्ति, रोग का नाश, मनोकामनाएं पूर्ण और भोलेनाथ की कृपा प्राप्त होती है। श्री शिवाष्टकम् स्तोत्र की विधि (Shri Shivashtakam Stotra ki Vidhi) श्री शिवाष्टकम् स्तोत्र के लाभ (Shri Shivashtakam Stotra … Read more

कालभैरवाष्टकम् मंत्र (Kaalbhairav Ashtakam Mantra)

Kaalbhairav Ashtakam Mantra

कालभैरवाष्टकम् मंत्र (Kaalbhairav Ashtakam Mantra) भगवान शंकर के पांचवें अवतार कालभैरव को समर्पित मंत्र है। महादेव के रूद्र रूप को काल भैरव कहते है, काल भैरव की पूजा भक्तों द्वारा मुख्यतः तंत्र – मंत्र, साधना को संपन्न करने के लिए किया जाता है, इसलिए इन्हे तंत्र – मंत्र का देवता भी माना जाता है। इस … Read more